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  पप्‍पू की पत्‍नी और औरतें जैसे कपड़े पहनेगी, कोई एतराज मत करना

Saturday, November 14, 2009


पप्‍पू की निकली थी लाटरी
और जीता था बीस करोड़
आप सबको याद है न ?
भूल तो नहीं गए

जब पप्‍पू लाटरी के छोड़
बीस करोड़ लेकर बीस रुपये
पहुंचा घर तो पत्‍नी ने डांटा
हो सकता है चांटा भी हो जमाया
पर हमें इसकी खबर नहीं है।

पर जब ग्‍यारह करोड़ लेकर
पप्‍पू पहुंचा घर उछलता हुआ
तो पत्‍नीजी से बोला -
अब मैं तुम्‍हें बढि़या से बढि़या
लेकर दूंगा खूब सारी साडि़यां।

पत्‍नी गरमा गई
बिना शरमाए बतला गई
हरगिज नहीं
साडि़यां हैं जितनी मेरे पास
सभी बहुत बढि़या हैं
परंतु मैं भी जमाने संग चलूंगी
मुझे भी ऐसे ही कपड़े दिलवाओ
जैसे और औरतें पहनती हैं ?

6 comments:

Udan Tashtari November 14, 2009 at 5:39 AM  

नये जमाने के हिसाब से चलेगी अब वो!! :)

M VERMA November 14, 2009 at 5:42 AM  

सही बात है जमाने के अनुसार तो चलना ही होगा.

खुशदीप सहगल November 14, 2009 at 8:48 AM  

मल्लिका शेरावत जी ही इस पर कुछ सलाह दे सकेंगी...

जय हिंद...

जी.के. अवधिया November 14, 2009 at 9:00 AM  

अविनाश जी, बहुत दिनों के बाद पप्पू नजर आये हैं, कहीं बाहर चले गये थे क्या?

हाँ, क्यों न चले पप्पू की पत्नी जमाने के साथ, कहा भी गया है "जैसी चले बयार पीठ तैसी कर लीजै"!

अविनाश वाचस्पति November 14, 2009 at 12:20 PM  

@ जी के अवधिया

पप्‍पू कहीं बाहर नहीं गया है
प्रति सप्‍ताह शनिवार को आता है
खुल गया उसका सबद लोक पर
बचत और खर्च का खाता है।

संगीता पुरी November 14, 2009 at 7:06 PM  

पप्‍पू की पत्‍नी है भई !!

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